शनिवार, 22 अगस्त 2020

कवि राजेश तिवारी "मक्खन" जी द्वारा रचित 'गणेश वंदना'

ऊँ श्री गणेशाय नम : 

प्रथम पूज्य त्रिपुरारी नन्दन ।
गिरिजा सुत गणेश जय वन्दन ।।
सुमुख एक दन्त दुति कारी ।
गणपति जी की महिमा भारी ।।
कपिल सुवर्ण नाग सम काना ।
लम्बा उदर विकट भगवाना ।।
विघ्न विनाश विनायक देवा ।
सुर नर मुनि सब करते सेवा ।।
धूम केतु गण नायक स्वामी ।
माथे शशि गज मुख शुभ नामी ।।
मोदक प्रिय मुद मंगल दाता ।
विद्या वारिधि बुद्धि प्रदाता ।।
विनवहुं बार बार तुय स्वामी ।
पद पंकज शत कोटि नमामी ।।
मूषक पृष्ठ आप असवारा ।
अष्ट विनायक अतिहि उदारा ।।

राजेश तिवारी "मक्खन" झांसी उ प्र

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